what is what discharge

सबसे पहले तो महिला होने के नाते आपको अपने शरीर के बारे में सब पता होना चाहिए | अब शर्म के चलते आखिर कब तक अपने ही शरीर से अनजान बने रहना है? 

अधिकतर सभी महिलाओं ने यह पाया होगा की आपकी अंडरवियर का बीच का हिस्सा सफेद-सफेद हो जाता है | 

आपके अंडरवियर का रंग फीका पड़ने का मतलब है कि आपकी योनि स्वस्थ है | मजाक मत समझिये क्योंकि एक स्वस्थ योनि का प्राकृतिक पीएच मान 3.8 से 4.5 के बीच होता है, जिसका अर्थ है कि यह काफी हद तक एसिडिक यानी अम्लीय है |

योनि में लैक्टोबैसिली नामक अच्छे बैक्टीरिया होते हैं, जो आपके एसिडिक स्तर को बनाए रखते हुए संक्रमण पैदा करने वाले बुरे बैक्टीरिया को रोक कर आपकी योनि को स्वस्थ रखते हैं |

सबसे पहले तो आपको अपनी योनी को किसी केमिकल लिक्विड या साबुन से धोने की कोई जरूरत नही होती | प्राकृतिक रूप से ही योनी स्वयं को सुरक्षित रखने में सक्षम होती है | आप अपनी योनी सिर्फ पानी या गुनगुने पानी से ही धोए, उतना ही प्रयाप्त है क्योंकि योनि अपनी देखरेख अंदर से खुद ही करती है |

आपका योनि स्राव यानी व्हाइट डिस्चार्च योनि क्षेत्र से सभी रोगाणुओं को धो देता है |

ध्यान रखे इसे साफ करने के लिए आप किसी भी प्रोडक्ट का इस्तेमाल ना करें | अगर आप वेजाइनल प्रोडक्ट का इस्तेमाल करके अपनी योनि को साफ करती हैं तो इससे योनि के अंदर का अच्छा बैक्टीरिया कम हो जाता है, जिसकी आपको जरूरत होती है | 

आपको बता दें कि महिलाओं की योनि में अच्छे बैक्टीरिया और हानिकारक बैक्टीरिया दोनों ही होते हैं जो कि पीएच बैलेंस बनाकर रखते हैं | और साथ ही यह आपको संक्रमण से भी बचाते हैं |

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जननांग की बाहरी संरचना को समझे

एक महिला की योनि आपके जननांग का एक भाग है जो एक यौन अंग के साथ ही बर्थ केनाल का भी द्वार है | ये तो आप जानती ही है कि हर महिला के  स्तन, हाथ और पैर भिन्न-भिन्न आकार के होते हैं, वैसे ही योनि का आकार और गहराई भी अलग-अलग हो सकती है | आपकी योनि ऊतकों, तंतुओं, मांसपेशियों और नसों से बनी होती है |

स्त्री के जननांगो में सबसे पहले बाल होते है जिसे प्यूबिक बाल कहा जाता है | ये बाल स्त्री जननागं को चारों ओर से घेरे रहते है | प्यूबिक बाल आपकी योनि को हानिकारक बैक्टीरिया से बचाते हैं और कई स्त्रियों में घर्षण या पसीने से होने वाली समस्याओं को कम करते हैं |

ऊपर की तरफ एक अंग जो उल्टे वी के आकार की होती है उसे भगनासा या भगशेफ या लेबिया कहते है | यह भाग काफी संवेदनशील होता है | ये भाग आपके क्लाइटोरिस से शुरू होते हैं और आपकी योनि द्वार के नीचे समाप्त होते हैं |

क्लाइटोरिस की नोक आपकी योनी में ऊपर की तरफ स्थित है, जहां आपके लेबिया आपस में मिलते हैं | हर किसी की क्लाइटोरिस का आकार अलग हो सकता है | यह एक मटर के दाने जैसे आकार में हो सकता है | क्लाइटोरिस की नोक को क्लिटोरल हुड द्वारा ढका हुआ होता है |

क्लाइटोरिस के नीचे एक छोटा सा छेद होता है जो यूरेथ्रल ओपनिंग यानी मूत्रद्वार होता है |

मूत्रद्वार के नीचे एक बड़ा छिद्र होता है जिसको वेजाइनल ओपनिंग यानी योनी द्वार या जनन छिद्र कहते है | यही वो रास्ता है जहाँ से प्रत्येक महीने महिलाओं को मासिक रक्तस्राव (पीरियड) होता है | और हाँ इसी रास्ते से ही बच्चे का जन्म भी होता है | इसकी दीवारे लचीली होती है जो बच्चे के जन्म के समय फैल जाती है | इसके नीचे थोड़ी सी दूरी पर एक छिद्र होता है जिसे मलद्वार या मल निकास द्वार कहते है |

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व्हाइट डिस्चार्च क्या है?

जैसे कि आप जानती है कि महिलाओं में पीरियड का होना जरूरी होता है | ठीक उसी प्रकार महिलाओं में व्हाइट डिस्चार्च का होना भी बहुत आवश्यक है |

पीरियड का मतलब होता कि एक महिला का शरीर गर्भ धारण करने के लिए स्वयं को तैयार कर रहा है | व्हाइट डिस्चार्च एक महिला के स्वस्थ के लिए अति आवश्यक होता है | व्हाइट डिस्चार्च को सफेद प्रदर या सफेद पानी भी कहते है |

व्हाइट डिस्चार्च गर्भावस्था के लिए स्वस्थ शरीर होने का संकेत करता है | 

किसी भी महिला में यौवनारंभ (Puberty) से लेकर रजोनिवृत्ति (Menopause) तक यानी गर्भधारण करने की उम्र में ठीक पीरियड की तरह ही व्हाइट डिस्चार्च भी होता है |

व्हाइट डिस्चार्च योनि को प्राकृतिक तरीके से साफ रखता है | यह संभोग के दौरान स्नेहन प्रदान करता है | साथ ही यौन संक्रमण को रोकने में भी मदद करता है | 

व्हाइट डिस्चार्च के प्रकार?

वाइट डिस्चार्ज का होना आम हैं, लेकिन कुछ वाइट डिस्चार्ज एक गंभीर समस्या का संकेत हो सकते हैं |

महिलाओं में पीरियड चक्र के दौरान कई तरह के व्हाइट डिस्चार्ज होते हैं | सामान्य परिस्थितियों में, एक दिन में एक चम्मच जितना व्हाइट डिस्चार्च होता है | यह दही जैसा गाढ़ा या पानी जैसा पतला हो सकता है। अगर इसका रंग सफेद है और इसमें कोई गंध नहीं है तो यह सामान्य है |

क्या आप जानती है व्हाइट डिस्चार्च के रंग से आप स्वस्थ या अस्वस्थ डिस्चार्च में अंतर कर सकती है |

आइये पहले जानतें हैं वाइट डिस्चार्ज कितने प्रकार के होते है?

सफेद या दूधिया डिस्चार्ज

पीरियड की शुरुआत या अंत में योनि से सफेद डिस्चार्ज होना सामान्य होता है | यह डिस्चार्ज सफेद, पानी की तरह पारदर्शी या दूध की तरह गाढ़ा होता है | इसमें हल्की सी गंध भी होती है | 

पीरियड चक्र में ओवुलेशन के दौरान आपने अगर कभी महसूस किया होगा तो आपकी योनि से होने वाला व्हाइट डिस्चार्च दूधिया दिखता है |

यदि इसे कभी आपने अपनी उंगली से छुआ हो तो यह हल्का चिपचिपा महसूस होता है |

ओवुलेशन का अर्थ होता है ओवरी से एक परिपक्व अंडे का रिलीज़ होना है |

यह व्हाइट डिस्चार्च आपके बेहतर स्वास्थ्य की ओर इशारा करता है | यह समय प्रजनन के लिए बिल्कुल उचित समय है यानी इस तौरान संभोग करने पर आप गर्भवती हो सकती है |

विशेषज्ञों का मानना हैं कि ओवुलेशन के दौरान यदि व्हाइट डिस्चार्च में लाल या भूरा रंग दिखे तो इससे गर्भवती होने का पता चलता है |

प्रारंभिक गर्भावस्था के दौरान निकलने वाले  इस दूधिया सफेद डिस्चार्ज को ल्यूकोरिया (leucorrhoea) कहा जाता है, यह एस्ट्रोजन के स्तर के बढ़ने के कारण होता है |

गर्भावस्था के दौरान ल्यूकोरिया सामान्य रूप से हो सकता है | 

यदि इस व्हाइट डिस्चार्च में आपको खुजली या जलन जैसा कोई लक्षण नही है तो आपको किसी भी प्रकार की चिंता करने की जरूरत नही है | और अगर खुजली या जलन के लक्षण है तो डॉक्टर या स्त्री विशेषज्ञ से सलाह ले |

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क्रिमी और पानी जैसा डिस्चार्ज

गंधहीन क्रिमी या पानी जैसा डिस्चार्ज बिल्कुल सामान्य होता है और पूरे महीने में किसी भी समय हो सकता है | इस तरह का व्हाइट डिस्चार्च पीरियड शुरु होने के कुछ दिन पहले या पीरियड के बाद हो सकता है |

एक्सरसाइज के बाद यह विशेष रूप से अधिक मात्रा में हो सकता है |

स्पष्ट और चिपचिपा डिस्चार्ज

जब डिस्चार्ज स्पष्ट लेकिन चिपचिपा और म्यूकस की तरह हो तो इसका मतलब है की आप ओव्युलेट करने के नजदीक हैं यानी आपकी फैलोपियन ट्यूब से अण्डों का उत्पादन होने वाला है | यह एक सामान्य प्रकार का योनि डिस्चार्ज है |

यह भी समझे ओवुलेशन महिला की प्रजनन प्रणाली की एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, इसे हिंदी में अंडोत्सर्ग कहा जाता है | 

ओवुलेशन तब होता है जब कोई अंडा, अंडाशय से मुक्त होता है | प्रत्येक पीरियड चक्र के दौरान, प्रजनन हार्मोन अंडाशय को उत्तेजित करने के लिए एक साथ काम करते हैं | कुछ अपरिपक्व अंडे, जिन्हें ऊसाइट्स भी कहा जाता है, बढ़ने लगते हैं और उन हार्मोन का जवाब देते हैं |

पीरियड चक्र की शुरुआत में कई ऊसाइट्स का विकास शुरू हो जाता है पर आमतौर पर केवल एक परिपक्व अंडा ही अंडाशय से मुक्त होता है |

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भूरा या लाल डिस्चार्ज

ब्राउन या लाल यानी खूनी डिस्चार्ज आम तौर पर सामान्य होता है, खासकर जब यह आपके पीरियड के दौरान या उसके तुरंत बाद होता है | 

पीरियड के अंत में जो डिस्चार्ज देर से होता है वो लाल रंग की बजाय भूरे रंग का हो सकता है | आप पीरियड के बीच में भी बहुत थोड़ा सा खूनी डिस्चार्ज अनुभव कर सकती हैं, जिसे स्पॉटिंग कहते हैं |

आपको बतादे कि यदि हाल ही में आपने असुरक्षित यौन संबंध बनाये हैं और पीरियड्स के दौरान आपको स्पॉटिंग हुयी है तो यह गर्भावस्था का संकेत भी हो सकता है | 

गर्भावस्था के प्रारंभिक चरण के दौरान स्पॉटिंग होना मिसकैरेज का संकेत हो सकता है, इसलिए ऐसा होने पर तुरंत डॉक्टर से परामर्श लें |

कुछ मामलों में, भूरा या खूनी डिस्चार्ज सर्वाइकल कैंसर का संकेत हो सकता है | 

यदि योनी डिस्चार्ज के साथ पैल्विक दर्द, पेशाब करने में पीड़ा या सेक्स के बाद और पीरियड के दौरान यह डिस्चार्ज हो तो यह क्लैमाइडिया या गोनोरिया की ओर संकेत हो सकता है |

यदि इन समस्याओं का उपचार नहीं किया जाए तो ये पेल्विक इंफ्लेमेटरी डिजीज (PID) का रूप ले सकती हैं |

ऐसी स्थिति में डॉक्टर या स्त्री विशेषज्ञ से सलाह अवश्य ले |

पीला या हरा डिस्चार्ज

पीला या हरा डिस्चार्ज, अप्रिय गंध के साथ खासकर जब यह मोटा और चिपचिपा होता है, तो यह बिलकुल भी सामान्य नही है |

इस तरह का डिस्चार्ज ट्राइकोमोनिएसिस संक्रमण का संकेत हो सकता है, जो आमतौर पर संभोग (Sex) के द्वारा फैलता है | 

इस समस्या के कारण पेशाब के दौरान महिला को योनि में दर्द और खुजली हो सकती है | साथ ही योनि क्षेत्र में सूजन भी आ सकती है |

इस तरह के योनि डिस्चार्ज को बिल्कुल भी नजरअंदाज न करे | यह एक गंभीर समस्या जरूर है, लेकिन इसका उपचार संभव है | 

धुंधला या पीला योनि डिस्चार्ज गोनोरिया का लक्षण हो सकता है | गोनोरिया बैक्टीरिया गर्भाशय ग्रीवा को संक्रमित करता है, जिसमें फ्लूइड ग्लैंड मौजूद है जो कि योनि डिस्चार्ज के लिए जिम्मेदार होते है |  

कुछ मामलों में धुंधला या पीला योनि डिस्चार्ज क्लैमाइडिया का संकेत भी हो सकता है | 

ऐसे लक्षण होने पर यौन स्वस्थ्य विशेषज्ञ (Sexual Health Specialist) से परामर्श ले |

यदि समय रहते इस समस्या का इलाज न किया जाए तो महिला में एचआईवी का खतरा बढ़ सकता है | यदि महिला गर्भवती है तो उसकी संतान को भी यह बीमारी प्रभावित कर सकती है | 

इसकी अच्छी बात यही है कि तुरंत इलाज करवाने से इस समस्या से बचाव संभव है |

चीज या पनीर जैसा योनि डिस्चार्ज

चीज जैसा डिस्चार्ज यीस्ट संक्रमण का कारण होता है | यीस्ट योनि में बैक्टीरिया को संतुलित करने का काम करता है | यीस्ट की अधिकता की वजह से यीस्ट संक्रमण हो सकता है | 

ऐसे में योनि स्राव सफेद पनीर जैसा हो जाता है | 

विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के योनि डिस्चार्ज से कोई गंध नहीं आती | योनी डिस्चार्ज का रंग बदल जाता है और बहुत खुजली होने लगती है | खुजली होने के कारण योनि में छाला हो सकता है | 

वैसे तो यीस्ट संक्रमण महिलाओं में आम समस्या है | 

लेकिन यदि आप गर्भवती महिला हैं या स्तन पान कराती हैं तो योनि में हुए छाले को लेकर लापरवाही बिल्कुल भी न करे |  

रजोनिवृत्ति में योनि में छाला होना सामान्य बात है |

यीस्ट संक्रमण होने पर डाॅक्टर से अवश्य संपर्क करें | वे ही आपको उचित सलाह और उपचार बता सकते है | 

योनी की सफाई से जुडी आवश्यक बाते:

आपको यह जानकर खुशी होगी कि योनि को किसी विशेष देखभाल की बिल्कुल भी जरूरत नहीं है |

योनि भी आपके शरीर के किसी अन्य अंग की तरह है, यद्यपि यह थोड़ा नाजुक अंग है | 

इसकी खुद की एक अलग गंध है और जब तक यह अप्रिय गंध या बदबूदार नहीं है या असामान्य योनि डिस्चार्ज जैसी कोई समस्या नही है, तब तक आपको इसके बारे में कोई चिंता करने की ज़रूरत ही नहीं है | 

यह हमेशा याद रखे कि योनि एक ऐसा अंग है जो खुद अपने आप को साफ कर लेती है | आपको होने वाला योनि डिस्चार्ज योनि क्षेत्र से सभी रोगाणुओं को धो देता है |

लेकिन इसका यह अर्थ नहीं है कि योनि को किसी भी देखभाल की आवश्यकता नहीं है | 

इंग्लैंड के एनएचएस के अनुसार, रोज़ के स्नान के साथ-साथ अपनी योनि को दिन में एक बार धोना, इसे साफ और स्वस्थ रखने के लिए पर्याप्त है | उसके लिए आपको विशेष इत्र या साबुन की आवश्यकता नहीं है |

आपको बता दें कि अगर आप अपनी योनि की अंदर तक सफाई करती हैं तो यह आपके लिए काफी खतरनाक हो सकता है |

आपकी योनि को साफ करने के लिए सआपको बस थोड़े से गुनगुने पानी की ही जरूरत है |

सभी प्रकार के सुगंधित बॉडी वॉश से बचें, क्योंकि यह लैक्टोबैसिली जैसे स्वस्थ बैक्टीरिया को खत्म कर सकते हैं, जो योनि के पीएच को बनाए रखने में मदद करते हैं |

योनि की आंतरिक नलिका स्वयं साफ हो जाती है इसलिए आपको केवल अपने योनि द्वार और योनी को धोने की आवश्यकता है |

आप अपनी योनी को धोने के लिए अपने हाथ या बहुत नरम स्पंज का उपयोग कर सकती हैं, लेकिन किसी खुरदुरे स्पंज या लूफा (loofah) का उपयोग न करें | योनी पर स्क्रब करने से जलन हो सकती है |

योनि को साफ और सूखा रखना चाहिए | आपको बता दे कि आप जो भी पहनती हैं उससे योनि पर प्रभाव पड़ता है | टाइट कपड़े योनि को गर्म और नम बनाते हैं जिसमें यीस्ट का विकास होता है | 

आपको चाहिए आप उचित साइज और सूती अंडरवियर का चयन करें | यदि आप यीस्ट संक्रमण से ग्रस्त हैं तो गीले स्विमिंग सूट और पसीने से भीगे कसरत वाले कपड़ों को तुरंत बदलने की आदत डालें |

जाने आगे से पीछे की ओर ही क्यों है योनि को साफ करने का सही तरीका?

हमेशा आपकी योनि को आगे से पीछे की तरफ यानी योनी से गुदा की ओर ही साफ करे या पोंछे | 

इसका कारण यह है कि आपके गुदा में केवल मलमूत्र नहीं है बल्कि कुछ हानिकारक बैक्टीरिया भी हो सकते हैं | पीछे से आगे पोंछने से ये बैक्टीरिया योनि क्षेत्र में स्थानांतरित हो सकते हैं, जिससे संक्रमण, खुजली और जलन हो सकती है | 

अगर आपने हमारी जानकारी से कुछ नया सीखा है तो हमे कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं |

किसी भी संक्रमण या असामान्य डिस्चार्ज होने पर डॉक्टर या स्त्री विशेषज्ञ या यौन स्वस्थ्य विशेषज्ञ से परामर्श ले | वही आपकी उचित सहायता व उपचार करने में मदद कर सकते है | हमारा उद्देश्य केवल आपको जानकारी देना है |

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